Siliserh Lake: घुमक्कड़ी के शौकीन लोग पर्यटन का कोई मौका नहीं छोड़ना चाहते. दरअसल जरूरी नहीं है कि हर बार ट्रिप प्लान करने के लिए एक लंबी छुट्टी ली जाए. बहुत सी जगह ऐसी भी हैं जहां आप महज एक दिन की छुट्टी में एंजॉय कर सकते हैं. अगर आप दिल्ली-एनसीआर (Delhi-NCR) में रहते हैं तो आज आपको एक ऐसी जगह के बारे में बताने जा रहे हैं जहां आप सिर्फ एक ही दिन में एक शानदार टूरिस्ट ट्रिप का आनंद ले सकते हैं. बात कर रहे हैं राजस्थान (Rajasthan) के अलवर (Alwar) में मौजूद सिलीसेढ़ झील (Silisedh Lake) की. ये शहर ऐतिहासिक किलों और इमारतों के लिए मशहूर है लेकिन यहां सबसे ज्यादा पसंदीदा स्पॉट माना जाता है सिलीसेढ़ झील.
Siliserh Lake: घुमक्कड़ी के शौकीन लोग पर्यटन का कोई मौका नहीं छोड़ना चाहते. दरअसल जरूरी नहीं है कि हर बार ट्रिप प्लान करने के लिए एक लंबी छुट्टी ली जाए. बहुत सी जगह ऐसी भी हैं जहां आप महज एक दिन की छुट्टी में एंजॉय कर सकते हैं. अगर आप दिल्ली-एनसीआर (Delhi-NCR) में रहते हैं तो आज आपको एक ऐसी जगह के बारे में बताने जा रहे हैं जहां आप सिर्फ एक ही दिन में एक शानदार टूरिस्ट ट्रिप का आनंद ले सकते हैं. बात कर रहे हैं राजस्थान (Rajasthan) के अलवर (Alwar) में मौजूद सिलीसेढ़ झील (Silisedh Lake) की. ये शहर ऐतिहासिक किलों और इमारतों के लिए मशहूर है लेकिन यहां सबसे ज्यादा पसंदीदा स्पॉट माना जाता है सिलीसेढ़ झील.
 
राजस्थान की खूबसूरत झीलों में से एक सिलीसेढ़ झील 7 किलोमीटर के क्षेत्र में फेली हुई है. जोकि अलवर में स्थित है. इस झील का निर्माण साल 1845 में अलवर शहर को पानी की आपूर्ति के लिए किया गया था.
राजस्थान की खूबसूरत झीलों में से एक सिलीसेढ़ झील 7 किलोमीटर के क्षेत्र में फेली हुई है. जोकि अलवर में स्थित है. इस झील का निर्माण साल 1845 में अलवर शहर को पानी की आपूर्ति के लिए किया गया था.
 
इस झील को महाराजा विनयसिंह ने बनवाया था. वहीं झील में एक शानदार झील महल है. जो महाराजा का सबसे प्रिय माना जाता था.
इस झील को महाराजा विनयसिंह ने बनवाया था. वहीं झील में एक शानदार झील महल है. जो महाराजा का सबसे प्रिय माना जाता था.
 
आगर आप वीकेंड पर इस झील पर जाने की प्लानिंग कर रहे हैं तो बता दें कि सुबह के 9.00 से शाम के 6.00 बजे तक पर्यटकों के लिए ये खुली रहती है.
आगर आप वीकेंड पर इस झील पर जाने की प्लानिंग कर रहे हैं तो बता दें कि सुबह के 9.00 से शाम के 6.00 बजे तक पर्यटकों के लिए ये खुली रहती है.
 
दरअसल सिलीसेढ़ झील चारों ओर से हरियाली से घिरी हुई है. यही वजह है कि वहां का मौसम ज्यादातर समय खुशनुमा बना रहता है.
दरअसल सिलीसेढ़ झील चारों ओर से हरियाली से घिरी हुई है. यही वजह है कि वहां का मौसम ज्यादातर समय खुशनुमा बना रहता है.